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प्रशासनिक पहल से दृष्टिबाधित दिव्यांग महिला को मिला दखल-कब्जा, जिला प्रशासन के प्रति व्यक्त किया आभार

न्याय,संवेदनशीलता एवं अधिकारों की रक्षा की दिशा में जिला प्रशासन की प्रभावी पहल

बक्सर पब्लिक न्यूज:- जिले के सिमरी अंचल में प्रशासनिक संवेदनशीलता एवं विधिसम्मत कार्रवाई का एक सराहनीय उदाहरण सामने आया है। अनुमंडल दंडाधिकारी, डुमरांव के आदेश के अनुपालन में वाद रामदुलारी देवी बनाम राजनारायण राय एवं अन्य में रामदुलारी देवी को संबंधित संपत्ति पर दखल-कब्जा दिलाया गया। दोनों आँखों से दृष्टिबाधित दिव्यांग महिला रामदुलारी देवी को दखल-कब्जा दिलाए जाने की इस कार्रवाई से उन्हें अपने अधिकारों के संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण सहायता मिली। उन्होंने इस कार्रवाई के लिए जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया।

यह कार्रवाई माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों का भरण-पोषण तथा कल्याण अधिनियम, 2007 की धारा 04 एवं बिहार माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों का भरण-पोषण तथा कल्याण नियमावली, 2012 के नियम 05 के तहत पारित आदेश के अनुपालन में की गई।

माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों का भरण-पोषण तथा कल्याण अधिनियम, 2007 का प्रमुख उद्देश्य माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिकों के भरण-पोषण, कल्याण तथा उनके जीवन और संपत्ति की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। अधिनियम के अंतर्गत पात्र माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिकों को निर्धारित कानूनी प्रक्रिया के माध्यम से अपने भरण-पोषण और संबंधित अधिकारों के संरक्षण के लिए आवेदन करने का प्रावधान है।

बिहार माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों के भरण-पोषण तथा कल्याण नियमावली, 2012 राज्य में अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए प्रक्रिया निर्धारित करती है।

रामदुलारी देवी से संबंधित मामले में अनुमंडल दंडाधिकारी डुमरांव के आदेश के अनुपालन में सिमरी अंचल प्रशासन द्वारा दखल-कब्जा दिलाने की कार्रवाई की गई। यह कार्रवाई दर्शाती है कि प्रशासनिक आदेशों का प्रभावी अनुपालन नागरिकों को उनके वैधानिक अधिकारों के संरक्षण में महत्वपूर्ण सहायता प्रदान कर सकता है।

विशेष रूप से दिव्यांग एवं जरूरतमंद व्यक्तियों के मामलों में संवेदनशीलता के साथ विधिसम्मत कार्रवाई करना सुशासन की महत्वपूर्ण आवश्यकता है। इस प्रकरण में दखल-कब्जा मिलने के बाद रामदुलारी देवी द्वारा जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया जाना प्रशासनिक कार्रवाई के प्रति उनके विश्वास को दर्शाता है।यह सफलता की कहानी इस बात को रेखांकित करती है कि कानून के प्रावधानों का प्रभावी अनुपालन, प्रशासनिक आदेशों का क्रियान्वयन तथा नागरिकों के अधिकारों के प्रति संवेदनशील दृष्टिकोण सुशासन के महत्वपूर्ण आधार हैं।जिला प्रशासन बक्सर नागरिकों के वैधानिक अधिकारों के संरक्षण, जनसमस्याओं के विधिसम्मत निराकरण तथा जरूरतमंद व्यक्तियों तक प्रशासनिक सहायता पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है।

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